विजय स्टालिन मुलाकात के सियासी मायने
तमिलनाडु की राजनीति में ऐतिहासिक बदलाव के बाद राज्य के नए मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय ने पूर्व मुख्यमंत्री और एम के स्टालिन से मुलाकात की। शपथ ग्रहण के ठीक एक दिन बाद हुई इस मुलाकात
ने राज्य की राजनीति में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। बैठक के दौरान विजय ने हाथ जोड़कर स्टालिन का अभिवादन किया जबकि स्टालिन ने उन्हें शॉल पहनाकर स्वागत किया। दोनों नेताओं की मुलाकात की
तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। हालांकि दोनों नेताओं के बीच किन मुद्दों पर बातचीत हुई इसकी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। अभिनेता से नेता बने विजय ने हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव
में बड़ी जीत दर्ज करते हुए तमिलनाडु की राजनीति में नया अध्याय शुरू किया है।
उनकी पार्टी टीवीके ने पहली बार चुनाव लड़ते हुए 108 सीटों पर जीत हासिल की और दशकों से चली आ
रही DMK और AIADMK की राजनीति को बड़ा झटका दिया। चुनाव परिणाम आने के बाद सरकार गठन को लेकर कई दिनों तक राजनीतिक हलचल जारी
रही। विजय ने बहुमत साबित करने के लिए राज्यपाल से कई दौर की मुलाकात की थी।
आखिरकार कांग्रेस और अन्य सहयोगी दलों के समर्थन से उन्होंने सरकार बनाई और
मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। मुलाकात से पहले स्टालिन ने विजय को जीत की बधाई देते हुए सलाह भी दी थी कि वे
पिछली सरकार पर आर्थिक स्थिति का दोष मढ़ने के बजाय जनता से किए गए वादों को पूरा
करने पर ध्यान दें। स्टालिन ने यह भी कहा कि तमिलनाडु की आर्थिक स्थिति उतनी खराब
नहीं है जितना बताया जा रहा है। राजनीतिक जानकार इस मुलाकात को तमिलनाडु में नई राजनीतिक शुरुआत और भविष्य के
समीकरणों के संकेत के तौर पर देख रहे हैं।














