भारत सरकार के राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (क्षेत्रीय कार्य प्रभाग) हजारीबाग में तिमाही हिंदी कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास) के सदस्य सचिव निरंजन बर्णवाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यशाला की शुरुआत वरिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी सह प्रभारी सूरज कुमार ने भारतीय सांख्यिकी के जनक डॉ. पी.सी. महालनोबिस के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलित एवं पुष्प अर्पित कर की।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सूरज कुमार ने कहा कि हजारीबाग उप-क्षेत्रीय कार्यालय राजभाषा हिंदी के संवर्धन और सरकारी कार्यों में उसके अधिकाधिक प्रयोग के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि कार्यालय से जल्द ही एक राजभाषा पत्रिका का प्रकाशन किया जाएगा तथा सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से इसमें लेख  संस्मरण और रचनात्मक सामग्री भेजने का आग्रह किया।

वरिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी ब्रजेश्वर कुमार ने बताया कि पिछले वर्ष नवंबर में आयोजित नराकास की छमाही बैठक में कार्यालय को उत्कृष्ट राजभाषा कार्यों के लिए तृतीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। वहीं वरिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी नितिन मिलन एवं प्रवीण कुमार ने भी हिंदी के प्रभावी उपयोग और प्रशासनिक कार्यों में इसकी भूमिका पर अपने विचार व्यक्त किए।

कार्यशाला के दौरान अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने कविता  भाषण  स्लोगन और संस्मरण प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। मुख्य अतिथि निरंजन बर्णवाल ने कार्यालय परिसर में राजभाषा अधिनियम की धारा 3(3) से संबंधित प्रदर्शित पोस्टरों की सराहना करते हुए गृह मंत्रालय के राजभाषा नियमों एवं प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने सभी कर्मचारियों से आगामी राजभाषा पत्रिका के लिए रचनात्मक लेख भेजने का भी आह्वान किया।

कार्यक्रम में बताया गया कि राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय देश की विभिन्न सामाजिक एवं आर्थिक योजनाओं से जुड़े महत्वपूर्ण सर्वेक्षणों का संचालन करता है तथा कार्यालय में दैनिक पत्राचार  ई-मेल और प्रशासनिक कार्यों में हिंदी के प्रयोग को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है।

इस अवसर पर आशीष कुमार कंधवे  सतीश गुप्ता  सुधीर कुमार  श्रुति भदानी  मिथलेश मोदी  बृज किशोर सिंह सहित कार्यालय के सभी अधिकारी एवं प्रगणक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन कनिष्ठ सांख्यिकी अधिकारी सह नामित राजभाषा अधिकारी जानकी नाथ मिश्र ने किया।