आदित्यपुर: सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में प्रस्तावित सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट को लेकर विरोध तेज हो गया है। मंगलवार को वार्ड संख्या 9 के न्यू फिल्टर प्लांट फुटबॉल मैदान, सीतारामपुर में ग्रामीणों ने बड़ी वार्ड सभा आयोजित कर प्रस्तावित कचड़ा प्लांट के खिलाफ आवाज बुलंद की। सभा में स्थानीय ग्रामीणों, विस्थापितों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारियों की अनुपस्थिति को लेकर भी नाराजगी जाहिर की गई।

प्रशासन की गैरमौजूदगी पर उठे सवाल

वार्ड 9 के पार्षद दुर्गा चरण बेसरा के नेतृत्व में आयोजित सभा का संचालन रवीन्द्र बास्के ने किया। मुख्य वक्ता के रूप में मौजूद मानकी और पारंपरिक अगुआ ने कहा कि नगर आयुक्त को सभा में शामिल होने के लिए निमंत्रण दिया गया था, लेकिन वे स्वयं या प्रशासन का कोई प्रतिनिधि नहीं पहुंचा।

उन्होंने आरोप लगाया कि ग्राम सभा की सहमति के बिना जमीन अधिग्रहण और डीपीआर तैयार करने की प्रक्रिया अपनाई गई है। ग्रामीणों ने इस पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए अपनी आपत्तियां दर्ज कराईं।

बिना सूचना कचड़ा गिराने का आरोप

सीतारामपुर के ग्राम प्रधान यानी माझी बाबा रवि हांसदा ने आरोप लगाया कि ग्रामीणों को पहले से कोई सूचना दिए बिना अचानक क्षेत्र में कचड़ा गिराने का काम शुरू कर दिया गया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि स्थानीय लोगों की सहमति और आपत्तियों को नजरअंदाज कर ऐसी गतिविधि जारी रखना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

सभा के दौरान ग्रामीणों ने 'कचड़ा प्लांट गो बैक' के नारे लगाए और प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ भी विरोध जताया।

ग्रामीणों की आपत्तियां प्रशासन और सरकार को सौंपेंगे: पार्षद

पार्षद दुर्गा चरण बेसरा ने कहा कि जनता की भावनाओं और पर्यावरण की रक्षा सर्वोपरि है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि ग्रामीणों की ओर से दिए गए सभी लिखित और मौखिक सुझावों तथा आपत्तियों को संकलित किया जाएगा। इसके बाद उन्हें उपायुक्त, नगर आयुक्त और राज्य सरकार के समक्ष रखा जाएगा।

इससे पहले सोमवार को मीरुडीह कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में पार्षद बेसरा ने इस विरोध और वार्ड सभा की रूपरेखा साझा की थी।

ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों की रही भागीदारी

सभा में मीरुडीह के मांझी संथाल टुडू, सीतारामपुर के माझी रवि हांसदा और सुकु बास्के, काशीडीह के माझी गुरुवा हेम्ब्रम, भुवा के माझी गुलिया हांसदा बेसरा और जोजोडीह के माझी कांदना हांसदा शामिल हुए।

इसके अलावा विस्थापित समिति के पूर्व ग्राम प्रधान हमेंद्र महतो और गुरुचरण महतो, मत्स्य समिति के चरण हांसदा, सामाजिक कार्यकर्ता दिनेश हांसदा, सुधाकर हांसदा, रंजीत महतो, बुधराम बेसरा और राम हांसदा सहित बड़ी संख्या में महिला और पुरुष मौजूद रहे।

ग्रामीणों का कहना है कि प्रस्तावित प्लांट को लेकर उनकी आपत्तियों पर प्रशासन को स्पष्ट जवाब देना चाहिए। अब इस मुद्दे पर प्रशासन की अगली पहल और ग्रामीणों की मांगों पर होने वाली कार्रवाई पर नजर रहेगी।