रामगढ़ जिले में स्थित पतरातू सुपर थर्मल पावर प्रोजेक्ट में एक बड़ी तकनीकी उपलब्धि हासिल की गई है। परियोजना की दूसरी 800 मेगावाट इकाई का 17 मार्च 2026 को प्रातः 10:31 बजे सफलतापूर्वक सिंक्रोनाइजेशन किया गया। यह उपलब्धि परियोजना की प्रगति में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर मानी जा रही है।इस अवसर पर पीवीयूएनएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी CEO श्री ए.के. सहगल के साथ श्री अनुपम मुखर्जी मुख्य महाप्रबंधक परियोजना श्री मनीष खेतरपाल (महाप्रबंधक, O&M), श्री बिश्नु दत्ता दाश महाप्रबंधक परियोजना श्री ओ.पी. सोलंकी महाप्रबंधक मेंटेनेंस श्री जोगेश चंद्र पात्रा महाप्रबंधक कमीशनिंग तथा श्री जियाउर रहमान HOHR सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे और इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के साक्षी बने।इस मौके पर सीईओ श्री ए.के. सहगल ने पीवीयूएनएल और बीएचईएल की टीमों की सराहना करते हुए कहा कि तमाम चुनौतियों के बावजूद टीम ने समर्पण और मेहनत से इस लक्ष्य को हासिल किया है।यूनिट 2 का सफल सिंक्रोनाइजेशन पीवीयूएनएल बीएचईएल और सभी हितधारकों के बीच बेहतर समन्वय सूक्ष्म योजना और उत्कृष्ट टीमवर्क का परिणाम है। यह उपलब्धि केवल परियोजना की प्रगति को दर्शाती है बल्कि झारखंड और देश के ऊर्जा क्षेत्र को मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम भी है।