बक्सर  जिले के डुमरांव प्रखंड में डेंगू और चिकनगुनिया की रोकथाम को लेकर प्रशासन अलर्ट मोड में है। सोमवार को प्रखंड कार्यालय स्थित प्रखंड प्रौद्योगिकी केंद्र में प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) संदीप कुमार पांडेय की अध्यक्षता में प्रखंड स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक में आगामी जनसंख्या स्थरीकरण पखवाड़ा को सफल बनाने के साथ-साथ डेंगू और चिकनगुनिया से बचाव के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने की रणनीति बनाई गई।

जनसंख्या स्थरीकरण अभियान पर भी हुई चर्चा

बैठक में जनसंख्या स्थरीकरण पखवाड़ा के सफल संचालन को लेकर विभिन्न विभागों की जिम्मेदारियां तय की गईं। बीडीओ ने सभी संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने का निर्देश दिया।

जलभराव रोकने और सफाई पर दिया जोर

बीडीओ संदीप कुमार पांडेय ने कहा कि वर्तमान मौसम में डेंगू और चिकनगुनिया का खतरा बढ़ जाता है। उन्होंने मॉल संचालकों  दुकानदारों और आम लोगों से अपील की कि खाली डिब्बों  कार्टनों  टायरों और अन्य बर्तनों में पानी जमा न होने दें। जहां पानी जमा हो  वहां मिट्टी का तेल डालकर मच्छरों के लार्वा को नष्ट करें।

बुखार होने पर डॉक्टर से करें संपर्क

उन्होंने कहा कि हर बुखार डेंगू नहीं होता  इसलिए घबराने की आवश्यकता नहीं है। यदि तेज बुखार या अन्य लक्षण दिखाई दें तो तुरंत चिकित्सक से संपर्क करें। समय पर जांच और इलाज मिलने पर डेंगू एवं चिकनगुनिया के अधिकांश मरीज पूरी तरह स्वस्थ हो जाते हैं।

एस्पिरिन और ब्रूफेन से बचने की सलाह

बैठक में लोगों को सलाह दी गई कि बुखार की स्थिति में बिना डॉक्टर की सलाह के एस्पिरिन या ब्रूफेन जैसी दवाओं का सेवन न करें। बुखार के लिए पैरासिटामोल को सुरक्षित दवा बताया गया। अधिकारियों ने लोगों से किसी भी स्वास्थ्य समस्या में स्वयं दवा लेने के बजाय चिकित्सकीय परामर्श लेने की अपील की।

कई विभागों के अधिकारी रहे मौजूद

बैठक में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी  पंचायत राज पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मी मौजूद रहे। सभी ने डेंगू और चिकनगुनिया के प्रति लोगों को जागरूक करने तथा जनस्वास्थ्य अभियान को प्रभावी बनाने के लिए समन्वित रूप से कार्य करने का संकल्प लिया।