कल का मौसम 9 अगस्त,15 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, तेज हवाएं और वज्रपात का खतरा; IMD ने किया सावधान
नई दिल्ली: देश के कई हिस्सों में मानसून की सक्रियता के बीच 9 अगस्त को मौसम का मिजाज बिगड़ सकता है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा अपडेट के अनुसार कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक, वज्रपात और तेज हवाओं की स्थिति बन सकती है। कुछ क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। 9 अगस्त को उत्तर भारत से लेकर मध्य और पूर्वी भारत तक कई इलाकों में मौसम खराब रहने की संभावना है। उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात और महाराष्ट्र में बारिश तथा गरज-चमक का असर देखने को मिल सकता है। मौसम प्रणालियों की सक्रियता के कारण कुछ क्षेत्रों में तेज बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने का खतरा भी बना हुआ है। उत्तराखंड के बागेश्वर, पिथौरागढ़ और चमोली में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, नैनीताल और चंपावत में भी भारी बारिश हो सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के दौरान भूस्खलन और सड़क बाधित होने का खतरा बना रह सकता है। झारखंड में भी मानसून सक्रिय रहने की संभावना है। रांची समेत कई जिलों में बारिश और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। IMD के मौसम अपडेट में झारखंड में हाल के समय में भी भारी बारिश दर्ज होने की जानकारी दी गई है। दिल्ली में भी बारिश का दौर जारी रह सकता है। IMD के दिल्ली बुलेटिन के अनुसार क्षेत्र में मानसून ट्रफ और संबंधित मौसम प्रणालियों के प्रभाव से बारिश की गतिविधियां बनी हुई हैं। बारिश और आंधी के दौरान खुले मैदान, पेड़, बिजली के खंभों और कमजोर संरचनाओं से दूर रहने की सलाह दी जाती है। पहाड़ी इलाकों में अनावश्यक यात्रा से बचना और स्थानीय प्रशासन की चेतावनियों का पालन करना जरूरी है। किसानों और खुले में काम करने वाले लोगों को भी वज्रपात के दौरान विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। मौसम की स्थिति तेजी से बदल सकती है, इसलिए स्थानीय IMD और प्रशासन की ओर से जारी ताजा चेतावनियों पर नजर बनाए रखना जरूरी है।कई राज्यों में बारिश और आंधी का असर
पहाड़ी राज्यों में विशेष सावधानी
झारखंड में भी बारिश और गरज-चमक
दिल्ली और आसपास के इलाकों में मौसम
लोगों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए?














