साहिबगंज: तीनपहाड़ थाना क्षेत्र के नीमगाछी गांव के समीप गुरुवार को सीमेंट कारोबारी के एक कर्मी से दो लाख रुपये की कथित छिनतई का मामला सामने आया है। कर्मी का दावा है कि बकाया रकम का तगादा कर बाइक से बरहेट लौटने के दौरान पीछे से आए बाइक सवार युवकों ने उसका रास्ता रोक लिया और डिक्की में रखे दो लाख रुपये व मोबाइल फोन लेकर फरार हो गए। सूचना मिलने के बाद तीनपहाड़ पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।

फूलबरिया से रकम लेकर लौट रहा था कर्मी

बताया गया कि बरहेट थाना क्षेत्र के एक सीमेंट कारोबारी का कर्मी राजमहल थाना क्षेत्र के फूलबरिया स्थित सीमेंट व्यापारी के यहां बकाया रकम की वसूली के लिए गया था। वहां से रकम लेकर वह बाइक से बरहेट लौट रहा था।कर्मी के अनुसार, वह तीनपहाड़ की ओर से शामपुर जाने वाले मार्ग से आगे बढ़ रहा था। इसी दौरान नीमगाछी गांव के समीप पीछे से अपाची बाइक पर सवार कुछ युवकों ने उसका पीछा किया और बाइक रुकवा दी।

डिक्की से नकदी और मोबाइल ले जाने का दावा

कर्मी का आरोप है कि बाइक रुकवाने के बाद युवकों ने उसकी बाइक की डिक्की में रखे दो लाख रुपये और मोबाइल फोन ले लिए। इसके बाद सभी बाइक सवार मौके से फरार हो गए।घटना के बाद घबराया कर्मी नीमगाछी पहुंचा और एक राहगीर के मोबाइल फोन से अपने मालिक को घटना की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस को मामले की सूचना दी गई।

CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस

सूचना मिलते ही थाना प्रभारी गौरव भगत पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने मौके पर छानबीन की और संभावित साक्ष्य जुटाने का प्रयास किया। इसके अलावा आने-जाने वाले रास्तों पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि घटना के समय वहां से गुजरने वाले संदिग्ध बाइक सवारों की पहचान की जा सके।थाना प्रभारी गौरव भगत ने बताया कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। पीड़ित की ओर से अभी तक लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि कथित घटना में कितनी सच्चाई है, यह जांच के दौरान सामने आए साक्ष्यों के आधार पर स्पष्ट होगा।

पुराने मामले को लेकर भी पुलिस सतर्क

गौरतलब है कि अप्रैल माह में भी क्षेत्र में 1.20 लाख रुपये की लूट का मामला सामने आया था। पुलिस की जांच में बाद में वह मामला कथित तौर पर मनगढ़ंत पाया गया था। इसी वजह से इस बार भी पुलिस शिकायत के आधार पर सीधे निष्कर्ष निकालने के बजाय सभी पहलुओं की जांच कर रही है।जांच पूरी होने के बाद ही दो लाख रुपये की कथित छिनतई की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी।