गुमला डीएवी स्कूल-में 210 विद्यार्थियों ने ली सड़क सुरक्षा की शपथ
गुमला: सड़क दुर्घटनाओं पर
अंकुश लगाने और युवाओं को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से
सोमवार को डी.ए.वी. स्कूल गुमला में वृहत सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया गया।
जिला परिवहन पदाधिकारी (DTO) सत्येन्द्र
महतो के नेतृत्व में आयोजित कार्यक्रम में करीब 210 विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया और सड़क
सुरक्षा नियमों के पालन की सामूहिक शपथ ली। कार्यक्रम को संबोधित
करते हुए जिला परिवहन पदाधिकारी सत्येन्द्र महतो ने विद्यार्थियों को जागरूक करते
हुए नारा दिया- “ना करें दिस-दैट,
पहने
हेलमेट।उन्होंने
कहा कि दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट और चार पहिया वाहन में सीट बेल्ट का
अनिवार्य रूप से इस्तेमाल करने से सड़क हादसों में होने वाली मौतों को काफी हद तक
कम किया जा सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे स्वयं यातायात
नियमों का पालन करें और अपने परिवार एवं आसपास के लोगों को भी नियमों के प्रति
जागरूक करें। सड़क सुरक्षा टीम के
सदस्यों ने विद्यार्थियों को बताया कि सड़क दुर्घटनाओं और मौतों के मामलों में
बाइक सवारों की संख्या काफी अधिक है। ओवरस्पीडिंग, लापरवाही से वाहन चलाना, बिना हेलमेट ड्राइविंग, शराब पीकर वाहन चलाना और ट्रिपल लोडिंग
को हादसों के प्रमुख कारणों में बताया गया।टीम ने वाहन चलाते समय मोबाइल फोन के
इस्तेमाल को भी बेहद खतरनाक बताया। अधिकारियों ने कहा कि ड्राइविंग के दौरान छोटी
सी लापरवाही भी गंभीर हादसे का कारण बन सकती है। जागरूकता कार्यक्रम
के दौरान विद्यार्थियों को ‘गुड सैमेरिटन’
(नेक
मददगार) योजना और ‘हिट एंड रन’
से जुड़े प्रावधानों की भी जानकारी दी
गई।विद्यार्थियों को बताया गया कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को ‘गोल्डन ऑवर’ यानी दुर्घटना के बाद शुरुआती एक घंटे
के भीतर अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाने वाले नेक मददगार को सरकार की ओर से 2,000
रुपये नकद और प्रशस्ति पत्र देकर
सम्मानित किया जाता है।वहीं अज्ञात वाहन की टक्कर से मृत्यु होने पर आश्रितों को 2
लाख रुपये और गंभीर चोट लगने पर 50
हजार रुपये मुआवजे का प्रावधान बताया
गया।कार्यक्रम में विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा के प्रति जिम्मेदार नागरिक बनने
और यातायात नियमों का पालन करने का संकल्प दिलाया गया।अभियान को सफल बनाने में
जिला परिवहन पदाधिकारी सत्येन्द्र महतो, डी.ए.वी. स्कूल की प्रधानाचार्या माधवी पाण्डेय, सड़क सुरक्षा प्रबंधक प्रभाष कुमार,
सूचना प्रौद्योगिकी सहायक मंटू रवानी
तथा शिक्षकगण संयुक्ता, बी.पी.
मैथी, प्रीतीश मिश्रा,
जितेश और करणवीर सहित अन्य लोगों की
सक्रिय भूमिका रही।DTO ने दिया संदेश- “ना करें दिस-दैट, पहने
हेलमेट”
सड़क
हादसों के प्रमुख कारण बताए
‘गुड सैमेरिटन’ और ‘हिट एंड रन’
कानून
की जानकारी














