हजारीबाग अन्नदा महाविद्यालय वित्तीय अनियमितता आजसू धरना प्रदर्शन
हजारीबाग। अन्नदा महाविद्यालय
में कथित वित्तीय अनियमितताओं और कॉलेज प्रशासन की कार्यशैली के विरोध में अखिल झारखंड
छात्र संघ (आजसू) के बैनर तले छात्रों ने कॉलेज गेट के सामने अनिश्चितकालीन धरना
प्रदर्शन शुरू कर दिया है। संघ ने आरोप लगाया है कि वित्तीय गड़बड़ियों के मुद्दे
पर कॉलेज प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। आजसू नेताओं के
अनुसार, महाविद्यालय में कथित
वित्तीय अनियमितताओं को लेकर कॉलेज प्रशासन को पहले ही लिखित रूप से जानकारी दी गई
थी। संघ का दावा है कि इस मामले में कॉलेज प्रशासन ने 45 दिनों का समय मांगा था। आजसू नेताओं का कहना
है कि निर्धारित समय पूरा होने के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इसके बाद
धरना शुरू होने से 24 घंटे
पहले भी प्रशासन को अल्टीमेटम दिया गया, लेकिन सकारात्मक पहल नहीं होने पर छात्रों ने अनिश्चितकालीन
आंदोलन शुरू कर दिया। आजसू के जिला अध्यक्ष
सत्यम सिंह ने कहा कि कॉलेज प्रशासन वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों को लगातार
नजरअंदाज कर रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि छात्रों की मांगों पर ध्यान नहीं
दिया गया, तो आंदोलन को और तेज
किया जाएगा। उन्होंने कहा कि न्याय मिलने तक धरना जारी रहेगा। वहीं, आजसू के महानगर अध्यक्ष दीप प्रकाश
नारायण ने मांग की कि कॉलेज के वित्तीय मामलों की निष्पक्ष जांच कराई जाए और जांच
रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए। उन्होंने कहा कि जब तक मामले में पारदर्शिता नहीं आती
और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन समाप्त नहीं किया जाएगा। धरना प्रदर्शन में
बड़ी संख्या में छात्र और आजसू के पदाधिकारी शामिल हुए। इस दौरान जिला अध्यक्ष
सत्यम सिंह, महानगर
अध्यक्ष दीप प्रकाश नारायण, युवा
प्रभारी विशाल प्रजापति और विनोबा भावे विश्वविद्यालय प्रभारी शिवम मिश्रा मौजूद
रहे। इसके अलावा ऋतिक यादव,
राजू कुमार, राहुल यादव, विषू नायक, संकु, राहुल सिंह, मयंक सिंह, दीपक शर्मा, नमन, ऋषि, आयुष, कुणाल, सौरव और आफताब राजा सहित अन्य छात्र भी
धरने में शामिल हुए। आजसू ने स्पष्ट किया
कि अन्नदा महाविद्यालय में कथित वित्तीय अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच, जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने और
जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग पूरी होने तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा।45 दिनों का समय देने के
बाद भी कार्रवाई नहीं होने का आरोप
जांच रिपोर्ट
सार्वजनिक करने की मांग
धरने में छात्र और
संगठन के पदाधिकारी शामिल
मांगें पूरी होने तक
आंदोलन जारी रखने की चेतावनी















