गुमला में जनगणना-2027 की तैयारी तेज, 20 अगस्त से शुरू होगा DCHB फील्ड सर्वे
गुमला: भारत की जनगणना-2027
की तैयारियों के तहत गुमला में जिला
जनगणना हस्तपुस्तिका यानी
District Census Handbook (DCHB) के निर्माण को लेकर
शुक्रवार को एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला सूचना एवं
जनसंपर्क सभागार में आयोजित प्रशिक्षण का शुभारंभ अपर समाहर्ता-सह-जिला जनगणना
पदाधिकारी राजीव नीरज
ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। प्रशिक्षण
के दौरान जिला सांख्यिकी पदाधिकारी-सह-अपर जिला जनगणना पदाधिकारी माधुरी बेक
ने DCHB
की विषय-वस्तु, उद्देश्य और उपयोगिता
के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिला जनगणना हस्तपुस्तिका ग्रामीण और
शहरी क्षेत्रों की आधारभूत एवं विकासात्मक स्थिति से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियों
का दस्तावेज होगी। 20 से
30 अगस्त तक होगा फील्ड सर्वे जनगणना
कार्य निदेशालय, रांची के सांख्यिकी अन्वेषक ग्रेड-2 राजा
शंकर ठाकुर ने प्रशिक्षण के दौरान फील्ड सर्वेक्षण, डेटा संग्रहण, मोबाइल ऐप और वेब
पोर्टल के जरिए डेटा एंट्री तथा सत्यापन की प्रक्रिया की जानकारी दी। प्रशिक्षण
में बताया गया कि DCHB के लिए
20 अगस्त से 30
अगस्त 2026 तक
फील्ड सर्वेक्षण कराया जाएगा। इसके बाद एकत्र किए गए आंकड़ों का 1
सितंबर से 5 सितंबर
2026 तक सत्यापन
किया जाएगा। क्या-क्या जानकारी होगी शामिल? जिला
जनगणना हस्तपुस्तिका का प्रकाशन दो भागों में किया जाएगा। पहले भाग में ग्राम एवं नगर निर्देशिका और दूसरे भाग में ग्राम एवं नगरवार जनगणना सारांश शामिल होगा। इसमें
जिले के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियां दर्ज की
जाएंगी। इनमें— जैसी
जानकारियां शामिल होंगी। मोबाइल ऐप और वेब पोर्टल से होगा डेटा संग्रहण DCHB
से संबंधित आंकड़ों का संग्रहण DCHB
मोबाइल ऐप और वेब पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा। प्रशासन का उद्देश्य डेटा संग्रहण, डिजिटलीकरण और
सत्यापन की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाना है। प्रशिक्षण
कार्यक्रम में सभी चार्ज जनगणना पदाधिकारियों के अलावा पालकोट, बसिया, कामडारा
और डुमरी प्रखंडों से DCHB कार्य के लिए नामित कर्मियों ने हिस्सा लिया। इस
अवसर पर कंप्यूटर ऑपरेटर मो. सरवर आलम,
जयंत पाण्डेय, हीरालाल
साहू, रामकुमार यादव,
प्रभा कुमारी, रंजीत
जायसवाल, ईश्वर दत्त पाण्डेय,
मो. एजाज और मंगनी देवी समेत अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी मौजूद रहे।














