गिरिडीह: तिसरी थाना क्षेत्र के खटपोंक स्थित बाघमारी मोड़ से एचएनसी कंस्ट्रक्शन कंपनी के मुंशी मंजेश कुमार के अपहरण और हत्या के मामले का गिरिडीह पुलिस ने महज 48 घंटे में खुलासा कर दिया है। पुलिस ने मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर मंजेश कुमार का शव बिहार के जमुई जिले के चिहरा थाना क्षेत्र अंतर्गत पिपरातरी जंगल से बरामद किया गया।

पुलिस के अनुसार, 6 सितंबर 2026 को मंजेश कुमार के अपहरण की सूचना मिली थी। इस संबंध में उनके भाई गौतम कुमार के लिखित आवेदन के आधार पर तिसरी थाना कांड संख्या 77/26, दिनांक 7 सितंबर 2026 के तहत मामला दर्ज किया गया।

घटना की गंभीरता को देखते हुए गिरिडीह पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर खोरीमहुआ के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अमरेन्द्र कुमार के नेतृत्व में विशेष जांच टीम यानी SIT का गठन किया गया। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 48 घंटे के भीतर मामले का उद्भेदन कर चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

आपसी विवाद के बाद रची गई थी साजिश

पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर उपेन्द्र चौधरी और मुंशी मंजेश कुमार के बीच काम में एक-दूसरे के हस्तक्षेप तथा डीजल और अन्य खर्चों को लेकर विवाद चल रहा था। पुलिस के अनुसार, इसी विवाद के कारण मंजेश कुमार को रास्ते से हटाने की साजिश रची गई।

जांच में पुलिस को जानकारी मिली कि घटना को प्रोजेक्ट मैनेजर उपेन्द्र चौधरी, पिन्टु कुमार यादव और अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर अंजाम दिया गया। पुलिस ने मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है और आगे की जांच जारी है।

चार आरोपी गिरफ्तार

गिरफ्तार आरोपियों में इम्तियाज अंसारी (39), शिव कुमार (30), पिन्टु कुमार यादव (30) और राजेश कुमार सिंह (24) शामिल हैं।

मोटरसाइकिल, खून लगा पत्थर और डंडा बरामद

पुलिस ने घटना में प्रयुक्त एक मोटरसाइकिल, हत्या में प्रयुक्त खून लगा पत्थर एवं सखुआ का डंडा तथा तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद सामान को अनुसंधान के लिए जब्त कर लिया गया है।

पुलिस मामले के अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका को लेकर भी अनुसंधान जारी है।