पूर्वी सिंहभूम: डुमरिया को बड़ी सौगात, करीब 10 करोड़ की लागत से 30 बेड के अस्पताल का शुभारंभ
जमशेदपुर: पोटका विधानसभा
क्षेत्र के डुमरिया प्रखंड में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में बड़ी
पहल हुई है। भालुकपातड़ा मौजा में करीब 10 करोड़ रुपये की लागत
से तैयार 30 बेड वाले सामुदायिक
स्वास्थ्य केंद्र का स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने उद्घाटन किया। खास
बात यह रही कि उद्घाटन कार्यक्रम में झामुमो, भाजपा और कांग्रेस के नेता एक ही मंच पर नजर आए। अस्पताल के शुरू होने
से डुमरिया और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को इलाज के लिए दूर-दराज के
अस्पतालों पर निर्भर रहने से राहत मिलने की उम्मीद है। पोटका
विधायक संजीव सरदार ने कहा कि झारखंड गठन
के करीब 26 साल बाद डुमरिया में 30
बेड का आधुनिक स्वास्थ्य केंद्र शुरू
हुआ है। क्षेत्र के लोग लंबे समय से बेहतर स्वास्थ्य सुविधा वाले अस्पताल की मांग
कर रहे थे। अस्पताल शुरू होने से पोटका विधानसभा क्षेत्र के ग्रामीणों को स्थानीय
स्तर पर बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। नवनिर्मित
अस्पताल में 30 बेड के साथ रक्त
जांच, गैर-संचारी रोगों से
संबंधित सेवाएं और किशोर स्वास्थ्य परामर्श केंद्र की सुविधा उपलब्ध रहेगी। अस्पताल को 24 घंटे संचालित करने की व्यवस्था की गई है। ब्लॉक
पब्लिक हेल्थ यूनिट के माध्यम से टीबी,
मलेरिया और फाइलेरिया समेत कई जरूरी जांच की सुविधा भी
ग्रामीणों को मिल सकेगी। विधायक
संजीव सरदार ने स्वास्थ्य मंत्री के सामने अस्पताल में चिकित्सकों, स्वास्थ्यकर्मियों और आवश्यक उपकरणों की
पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग रखी। उन्होंने कहा कि अस्पताल का
वास्तविक लाभ लोगों तक तभी पहुंचेगा, जब यहां सभी जरूरी संसाधन और पर्याप्त स्वास्थ्यकर्मी उपलब्ध
रहेंगे। स्वास्थ्य
मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य व्यवस्था को बेहतर बनाने
के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में झारखंड को
स्वास्थ्य के क्षेत्र में कई और सौगातें मिलने वाली हैं। उद्घाटन
समारोह के दौरान अस्पताल परिसर में पौधरोपण भी किया गया। मंत्री, विधायक और अन्य अतिथियों ने पौधे लगाकर
स्वास्थ्य के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम
में घाटशिला विधायक
सोमेश सोरेन, बहरागोड़ा विधायक
समीर मोहंती, जमशेदपुर सांसद
विद्युत वरण महतो, पूर्व विधायक प्रदीप
बलमुचू, सिविल सर्जन डॉ.
साहिर पाल समेत कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।















