बिहार खान भूतत्व विभाग विशेष पुलिस बल अवैध खनन कार्रवाई
पटना
बिहार
में अवैध बालू और पत्थर खनन के खिलाफ अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए राज्य
सरकार बड़ा कदम उठाने की तैयारी में है। अधिकारियों पर बढ़ते हमलों और छापेमारी के
दौरान स्थानीय पुलिस पर निर्भरता को देखते हुए खान एवं भूतत्व विभाग अब अपना
विशेष पुलिस बल गठित करने की योजना बना रहा है। विभागीय स्तर पर इस प्रस्ताव
पर प्रारंभिक मंथन पूरा हो चुका है। वर्तमान व्यवस्था में अवैध खनन के खिलाफ
कार्रवाई के लिए विभागीय अधिकारियों को स्थानीय पुलिस बल का इंतजार करना पड़ता है।
कई बार पर्याप्त सुरक्षा नहीं मिलने के कारण छापेमारी प्रभावित होती है और
अधिकारियों को हिंसक विरोध का भी सामना करना पड़ता है। इन्हीं चुनौतियों से निपटने
के लिए विभाग अब अपना समर्पित पुलिस बल तैयार करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। कैबिनेट की मंजूरी के बाद आगे बढ़ेगी प्रक्रिया तैयार
किए जा रहे प्रस्ताव को अंतिम रूप देने के बाद सबसे पहले खान एवं भूतत्व
मंत्री प्रमोद कुमार चंद्रवंशी
के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। मंत्री
की सहमति मिलने के बाद इसे वित्तीय और प्रशासनिक मंजूरी के लिए राज्य मंत्रिमंडल
(कैबिनेट) के पास भेजा जाएगा। मंजूरी मिलने पर विशेष पुलिस बल के गठन की प्रक्रिया
शुरू होगी। नया कानूनी ढांचा भी होगा तैयार सूत्रों के अनुसार, इस विशेष पुलिस बल के
गठन के लिए कानून विभाग
आवश्यक कानूनी मसौदा तैयार कर रहा है।
इसका उद्देश्य विभाग को अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई के लिए अधिक सक्षम और
आत्मनिर्भर बनाना है। विशेष
पुलिस बल की संभावित जिम्मेदारियां कार्रवाई होगी और तेज सरकार का मानना है कि विभाग के पास अपना विशेष पुलिस बल होने
से छापेमारी अभियानों की गोपनीयता बनी रहेगी और पुलिस बल की उपलब्धता के लिए अलग
से इंतजार नहीं करना पड़ेगा। इससे त्वरित कार्रवाई संभव होगी और अवैध खनन में
शामिल लोगों के बच निकलने की संभावना भी कम होगी। यदि इस प्रस्ताव को कैबिनेट की
मंजूरी मिलती है, तो बिहार देश के उन चुनिंदा राज्यों में शामिल हो सकता है जहां
खनन विभाग के पास अवैध खनन रोकने के लिए समर्पित विशेष पुलिस बल उपलब्ध होगा।















